होते ग़र राजीव गाँधी (Rajiv gandhi)आज

[lwptoc] अगस्त 20 को राजीव गाँधी Rajiv Gandhi का जन्म दिन है। यदि वर्ष 1991 मई में उनकी निर्मम हत्या न होती तो वह इस वर्ष 73वर्ष के होते। राजीव गाँधी न तो बहुत कामयाब प्रधानमंत्री थे और न ही संगठन क्षमता के धनी पार्टी अध्यक्ष। यह बड़े पद उन्हें विरासत में मिले और वह … Read more

भारत-जापान संबंधों में गरमाहटः चीन में बौखलाहट

जापानी कंपनियां बड़े पैमाने पर भारत में निवेश कर रही हैं। चीन की तुलना में जापान का व्यापार भारत में कम है किन्तु जापान का पूँजी निवेश तेजी से हो रहा है। अधिकांश निवेश औद्योगिक उत्पादन बढ़ाने, तकनीकी ट्रांसफर और आधारभूत ढ़ांचे (इंफ्रास्ट्रक्चर) के लिए होगा। जापानी निवेश मोदी के “मेक इन इंडिया” के सपने … Read more

हमारी नीतियों ने न्योता है आतंक को

विश्व की दूसरी सबसे बड़ी मुस्लिम आबादी वाले देश भारत को विश्व के 55 से अधिक मुस्लिम राष्ट्रों का नेतृत्व करने का स्वाभाविक अधिकार है। पर हमने अपने संकीर्ण नजरिये के कारण इस अधिकार न तो सिर्फ गंवाया बल्कि इसे पाकिस्तान जैसे एक इतिहास-विहीन देश को दे दिया जो ब्रिटिश साम्राज्यवाद की षड़यंत्रकारी कूटनीति के … Read more

फले फूलेगा प्रदूषण का बाज़ार

 पांच साल के भीतर प्रदूषण के भय को भुनाने के लिये प्रदूषण का वैश्विक व्यवसाय बुरी तरह पसरेगा। अपना देश उसके लिये सबसे बड़ा बाज़ार बनेगा। टीवी और एफएम रेडियो पर एयर प्योरीफायर के विज्ञापन बढ गये हैं। वह विज्ञापन भी अब बहुत दिखने लगा है जिसमें किसी दिन भर बाहर रह कर काम करने वाले … Read more

देश के लिये नए तरह का समाजवाद चाहते थे नेताजी

नेताजी पूर्ण समाजवाद के प्रखर समर्थक थे। उनकी यह इच्छा थी कि भारत को अपने लिये अलग किस्म के समाजवाद और उसके नये उपायों का विकास करना चाहिए। हर साल 23 जनवरी को महान स्वातंत्र्य योद्धा नेताजी सुभाष चन्द्र बोस का जन्म दिवस विश्वभर में मनाया जाता है। नेताजी के स्मृति मात्र से मस्तिष्क में … Read more

प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना: पहले से बेहतर पर अधूरी

फसल कटते समय उत्पादन आंकड़ों में इकट्ठा करने के लिए स्मार्टफोन और रिमोट सेलिंग के इस्तेमाल की बात भी नई योजना में है। पाले से फसल का नुकसान भी अब बीमा के अंदर होगा जो पहले नहीं था। नुकसान का आंकलन गांव को एक युनिट मानकर किया जाएगा पहले यह ब्लॉक और पंचायत के दायरे … Read more

दुनिया की राजनीति में तीन खेमे

दुनिया में भौगोलिक रुप से दो ही ध्रुव होते हैं, परन्तु विश्व राजनीतिक पटल पर आज तीन ध्रुव है और इन तीनों को फिलहाल कोई चुनौती देने वाला नहीं है।      रुस अमेरिका और चीन के रुप में त्रिध्रुवीय विश्व की परिकल्पना उभर कर सामने आई है। ऐसा नही है कि तीनों ही देश इस स्थाना … Read more

नैरोबी के बाद का सफर

सच है कि विकासशील देश खली हाथ लौटे पर नैरोबी के घोषणा-पत्र से साफ है कि शेष वार्ताओं के बारे में सभी सदस्य देश वचनबद्ध हैं, कि कृषि, गैर कृषि बाजार पहुँच, सेवाएं, विकास, ‘ट्रिप्स’ और नियम पर बात आगे भी जारी रहेगी। विश्व व्यापार संगठन के 10वें नैरोबी (केन्या) मंत्रीस्तरीय सम्मेलन के अंत में जारी घोषणा पत्र पर … Read more

भारत और इण्डिया के बीच सरकार खोद रही खाई

अम्बानी, अडानी जैसे बड़े उद्योगपतियों के बैंक ऋण माफ किये जा रहे हैं और डिजिटल इण्डिया व स्टार्टअप जैसी लोकलुभावनी योजनाओं द्वारा पूंजीवादी वर्ग को और सुविधायें दी जा रही हैं। आमजनता के लिए सिर्फ नारे, जुमले और अच्छे दिनों का आश्वासन के साथ राष्ट्रवाद का लुभावन नारा भर है।…. अम्बानी, अडानी जैसे बड़े उद्योगपतियों के बैंक ऋण … Read more

क्वाड संगठन क्या है?

what is kwad organization? चर्चा का विषय क्यों? हाल ही में कुछ दिन पहले, भारत और ‘क्वाड’ के तीन अन्य सदस्य देशों के वरिष्ठ अधिकारियों ने मिलकर स्वतंत्र और खुले विचारो से हिंद-प्रशांत क्षेत्र के लक्ष्य को हासिल करने के लिए आपस में वार्तालाप की है। इसके अलावा, इन अधिकारियों ने बुनियादी ढांचे, समुद्री सुरक्षा, … Read more